राजीव गांधी स्टार्टअप स्वरोजगार योजना से युवाओं को भविष्य बनाने का मिल रहा मौका: अजय वर्मा
प्रदेश के युवाओं के लिए राजीव गांधी स्टार्टअप स्वरोजगार योजना भविष्य बनाने का एक बेहतर मौका साबित हो रही है। बहुत से युवा इस स्वरोजगार योजना से जुड़कर आर्थिक रूप से सशक्त हो रहे हैं।
सुमन महाशा। कांगड़ा
प्रदेश के युवाओं के लिए राजीव गांधी स्टार्टअप स्वरोजगार योजना भविष्य बनाने का एक बेहतर मौका साबित हो रही है। बहुत से युवा इस स्वरोजगार योजना से जुड़कर आर्थिक रूप से सशक्त हो रहे हैं। यह उद्गार हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम की उपाध्यक्ष अजय वर्मा ने संयुक्त कार्यालय भवन कांगड़ा में उप मंडल स्तरीय मार्ग निर्माण समिति की बैठक में पहुंचने के दौरान कहे। इस मौके पर उनके साथ एपीएमसी के अध्यक्ष निशु मोंगरा, एसडीएम कांगड़ा डॉक्टर अंजली गर्ग, खंड विकास अधिकारी पारूल कटियार, आरएम एचआरटीसी साहिल कपूर, जिला परिषद सदस्य इशांत चौधरी बीडीसी सदस्य हरीश धनोटिया, प्रधान रीता मनकोटिया, प्रधान रामकृष्ण, प्रधान निजी बस आपरेटर यूनियन और अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में एसडीएम कांगड़ा अंजलि गर्ग ने बताया कि स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करने के लिए प्रस्तावित रास्तों पर निजी बस चलाने के लिए परमिट जारी किए जायेंगे जिसके लिए कार्य शुरू कर दिया गया है।
अजय वर्मा ने कहा स्थानीय युवाओं को राजीव गांधी स्वरोजगार स्टार्टअप योजना का पूरा लाभ प्राप्त हो इसे सुनिश्चित करना हमारा दायित्व है और इसके लिए युवाओं को उसके प्रति जागरूक करने का कार्य किया जा रहा है ए टैक्सी के साथ-साथ निजी क्षेत्र में युवाओं को बस परमिट जारी किए जाएंगे जिससे युवा आर्थिक रूप से सशक्त बनेंगे।
बैठक में एपीएमसी के अध्यक्ष निशु मोंगरा ने भी युवाओं के लिए एग्रीकल्चर से संबंधित योजनाओं के साथ जुड़कर आर्थिक रूप से सशक्त होने के बारे में जानकारी रखी। उन्होंने कहा एग्रीकल्चर में युवाओं को आगे आकर सरकार की योजनाओं का लाभ लेना चाहिए।
राजीव गांधी स्वरोजगार स्टार्ट-अप योजना (चरण-IV) के अंतर्गत आज गठित समिति की बैठक में बस मार्गों के चयन की प्रक्रिया संपन्न की गई। समिति द्वारा योजना के दिशा-निर्देशों के अनुरूप विभिन्न प्रस्तावित मार्गों का विस्तृत परीक्षण करने के उपरांत बस मार्गों का चयन किया गया।
मार्गों के चयन के दौरान ग्रामीण एवं दुर्गम क्षेत्रों की परिवहन आवश्यकताओं, स्थानीय जनसुविधा, शैक्षणिक संस्थानों, स्वास्थ्य संस्थानों, औद्योगिक क्षेत्रों तथा अन्य महत्वपूर्ण स्थलों तक सुगम परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने जैसे पहलुओं को प्राथमिकता दी गई।
चयनित मार्गों पर योजना के अंतर्गत पात्र लाभार्थियों द्वारा 32 या उससे अधिक सीट क्षमता वाली डीजल एवं इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जाएगा। यह योजना प्रदेश के युवाओं को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के साथ-साथ ग्रामीण एवं अर्ध-शहरी क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाएगी।
बैठक में संबंधित विभागों को निर्देश दिए गए कि चयनित बस मार्गों के संबंध में आगामी कार्यवाही निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार समयबद्ध रूप से पूर्ण की जाए, ताकि योजना का लाभ पात्र युवाओं एवं आम जनता तक शीघ्र पहुंचाया जा सके।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0