टांडा मेडिकल कॉलेज में अब मिलेगी एडवांस रेटिना उपचार सुविधा
टांडा मेडिकल कॉलेज में विट्रियोरेटिनल विशेषज्ञ डॉ. मनु शर्मा की नियुक्ति के साथ डायबिटिक रेटिनोपैथी, आरओपी और रेटिना रोगों के लिए नई उपचार सुविधाएं शुरू होंगी।
सुमन महाशा। कांगड़ा
डॉ. राजेंद्र प्रसाद राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय (डीआरपीजीएमसी), टांडा में नेत्र रोग उपचार सेवाओं को बड़ी मजबूती मिली है। विट्रियोरेटिनल सर्जरी विशेषज्ञ डॉ. मनु शर्मा ने नेत्र रोग विभाग में सहायक प्रोफेसर के रूप में कार्यभार संभाल लिया है। उनकी नियुक्ति के साथ ही रेटिना संबंधी कई अत्याधुनिक उपचार सुविधाएं मरीजों के लिए उपलब्ध हो गई हैं।
अब मिलेंगी ये महत्वपूर्ण नेत्र उपचार सेवाएं
डॉ. मनु शर्मा के कार्यभार संभालने के बाद संस्थान में तत्काल प्रभाव से निम्न सेवाएं शुरू कर दी गई हैं—
- डायबिटिक रेटिनोपैथी के मरीजों के लिए लेजर फोटोकोएगुलेशन (Laser Photocoagulation)।
- इंट्राविट्रियल इंजेक्शन (Intravitreal Injection) की सुविधा।
- समय से पहले जन्मे शिशुओं में होने वाली रेटिनोपैथी ऑफ प्रीमैच्योरिटी (ROP) के लिए लेजर उपचार।
कांगड़ा सहित आसपास के जिलों को होगा लाभ
कॉलेज प्रशासन के अनुसार इन सेवाओं के शुरू होने से कांगड़ा, चंबा, ऊना, हमीरपुर और आसपास के क्षेत्रों के मरीजों को अब उन्नत नेत्र उपचार के लिए दूसरे शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। इससे इलाज में होने वाली देरी कम होगी और मरीजों के समय व खर्च दोनों की बचत होगी।
जल्द शुरू होगी एडवांस रेटिना सर्जरी
संस्थान ने बताया कि आवश्यक विट्रियोरेटिनल सर्जरी उपकरणों की खरीद और स्थापना के बाद निकट भविष्य में एडवांस रेटिना सर्जरी भी शुरू की जाएगी। इससे रेटिना डिटैचमेंट, विट्रियस हेमरेज, मैक्युलर रोगों सहित जटिल नेत्र रोगों का इलाज टांडा मेडिकल कॉलेज में ही संभव होगा।
सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगा और बल
कॉलेज प्रशासन का कहना है कि सुपर स्पेशियलिटी सेवाओं का विस्तार केवल आधुनिक उपकरणों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य लोगों को गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और किफायती स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। संस्थान ने इस दिशा में राज्य सरकार के सहयोग के लिए मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू और एचपीटीडीसी के अध्यक्ष आर.एस. बाली के प्रति आभार भी व्यक्त किया है।
निष्कर्ष
टांडा मेडिकल कॉलेज में रेटिना संबंधी अत्याधुनिक सेवाओं की शुरुआत प्रदेश के मरीजों के लिए बड़ी राहत मानी जा रही है। इससे गंभीर नेत्र रोगों के उपचार की सुविधा स्थानीय स्तर पर उपलब्ध होगी और सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं को भी नई मजबूती मिलेगी।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0