नादौन में क्रांतिकारियों को याद कर भावुक हुआ माहौल, इन्द्रपाल और डी.डी. गुलजार की जयंती पर सजी कवि गोष्ठी

नादौन में पंडित इन्द्रपाल और स्वतंत्रता सेनानी शायर डी.डी. गुलजार की जयंती पर जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित हुआ। कवि गोष्ठी में साहित्यकारों और छात्रों ने देशभक्ति व सामाजिक विषयों पर रचनाएं प्रस्तुत कीं।

Apr 5, 2026 - 18:03
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नादौन में क्रांतिकारियों को याद कर भावुक हुआ माहौल, इन्द्रपाल और डी.डी. गुलजार की जयंती पर सजी कवि गोष्ठी

नादौन।

नादौन में क्रांतिकारियों को दी श्रद्धांजलि, कवि गोष्ठी में गूंजी साहित्य और देशभक्ति की आवाज

नादौन निवासी प्रसिद्ध साहित्यकार एवं क्रांतिकारी Pandit Indrapal तथा प्रसिद्ध शायर एवं स्वतंत्रता सेनानी D. D. Gulzar की जयंती Himachal Pradesh Language Department के सौजन्य से Yashpal Sahitya Parishad के तत्वावधान में नादौन में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई।

कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि एसडीएम Nishant Sharma उपस्थित रहे, जबकि अध्यक्षता परिषद के अध्यक्ष Dr. Ratna Chand Sharma ने की। इस अवसर पर उपस्थित लेखकों, साहित्यकारों और गणमान्य लोगों ने इन्द्रपाल तथा डी.डी. गुलजार की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

जिला भाषा अधिकारी Santosh Patial ने जानकारी देते हुए बताया कि इस जिला स्तरीय कार्यक्रम के अंतर्गत कवि गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में कन्या स्कूल की छात्राओं कनिका और माहिका मेहरा तथा Monal Public School Nadaun की छात्राओं प्रज्ञा आर्य और गीतांशी ने संस्कृत भाषा में अपनी प्रस्तुति दी। वहीं मोनाल स्कूल की चार वर्षीय निष्ठा शर्मा ने गीता के श्लोक सुनाकर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।

अपने संबोधन में एसडीएम निशांत शर्मा ने कहा कि पंडित इन्द्रपाल और डी.डी. गुलजार के जीवन से प्रेरणा लेकर समाज के लिए कार्य करना चाहिए। उन्होंने कहा कि नादौन की पावन धरती ने कई महान विभूतियों को जन्म दिया है। उन्होंने युवाओं को नशे से दूर रहने और समाज को नशामुक्त बनाने के लिए आगे आने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में Dr. O. P. Sharma और डॉ. रत्न चंद शर्मा ने दोनों महान विभूतियों के जीवन और उनकी उपलब्धियों पर विस्तार से प्रकाश डाला। कवि गोष्ठी के दौरान साहित्यकारों और कवियों ने अपनी रचनाओं के माध्यम से देशभक्ति, सामाजिक सरोकारों और नशे के बढ़ते प्रचलन पर चिंता व्यक्त की।

वरिष्ठ कवि Hoshiar Singh ने ‘चिट्टा है नाम मेरा, मुझे दोषी मत ठहराना’ कविता सुनाकर नशे के दुष्प्रभावों को उजागर किया। इसके अलावा Naresh Patial, Lal Chand Thakur, Ashok Soni, Dilip Singh, Keher Singh Mitra, Sushil Kumari Gautam, Kamlesh Kumari, Dr. Pinky Sharma, Kesar Singh Patial, Ravi Dutt और Des Raj सहित कई कवियों ने अपनी रचनाएं प्रस्तुत कीं।

इस अवसर पर नगर परिषद अध्यक्ष Shammi Soni, ईओ Raman Kumar, कमल कम्मी, संतोष संधू, संदीप जैन, योगराज, अक्षित सोनी, अंशुल और विवेक शर्मा सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। अंत में जिला भाषा अधिकारी संतोष पटियाल ने सभी का आभार व्यक्त किया।

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