शिक्षा का सच्चा अर्थ है ईमानदारी और धैर्यवान इंसान बनना: डॉ. देशबंधु
राजपुर में पंडित अमरनाथ शर्मा की पुण्यतिथि पर कार्यक्रम, डॉ. देशबंधु बोले- शिक्षा का असली अर्थ ईमानदारी और धैर्य है।
मनोज धीमान। पालमपुर
गोस्वामी गणेश दत्त सनातन धर्म महाविद्यालय, राजपुर में महान शिक्षाविद्, स्वतंत्रता सेनानी और समाजसेवी पंडित अमरनाथ शर्मा जी की 36वीं पुण्यतिथि के अवसर पर श्रद्धांजलि सभा एवं भजनांजलि का भव्य आयोजन किया गया। महाविद्यालय प्रांगण में पंडित जी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पण कर कार्यक्रम की शुरुआत की गई। दीप प्रज्वलन के पश्चात सनातन धर्म शिक्षा समिति बैजनाथ के कार्यकारी प्रधान श्री चीमा जी ने सभी आगंतुकों का स्वागत किया।
हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी 16 फरवरी को माता तारादेवी मंदिर, बैजनाथ परिसर स्थित पंडित अमरनाथ सनातन धर्म पब्लिक स्कूल में हवन का आयोजन किया गया। स्वर्गीय पंडित अमरनाथ शर्मा जी के परिवारजन, श्रद्धालु और शिक्षाविद उपस्थित रहे। हिमाचल के प्रसिद्ध संगीत कलाकार डॉ. सतीश ठाकुर और उनके सहयोगियों ने महाविद्यालय में आयोजित भजन संध्या में अपनी संगीतमय प्रस्तुतियों से सभी को आनंदित किया।
इस अवसर पर पंडित जी के सुपुत्र एवं श्री सनातन धर्म प्रतिनिधि सभा, पंजाब (नई दिल्ली) तथा गोस्वामी गणेश दत्त सनातन धर्म शिक्षा समिति, बैजनाथ के प्रधान डॉ. देशबंधु जी ने अपने उद्बोधन में अपने पूज्य पिता जी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके व्यक्तित्व से जुड़े प्रेरणादायी संस्मरण साझा किए और बताया कि किस प्रकार उनके सिद्धांतों, नैतिक मूल्यों तथा समाज के प्रति समर्पण ने न केवल परिवार, बल्कि समूचे समाज को दिशा प्रदान की। उन्होंने शिक्षा का सच्चा अर्थ ईमानदारी और धैर्यवान इंसान होना बताया। इस अवसर पर श्री सनातन धर्म प्रतिनिधि सभा पंजाब, नई दिल्ली के महासचिव डॉ. गुरदीप शर्मा जी ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए पंडित जी को श्रद्धांजलि अर्पित की।
कार्यक्रम में पंडित अमरनाथ शर्मा, सनातन धर्म वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, बैजनाथ और नंद कुमार सनातन धर्म चांद पब्लिक स्कूल, पालमपुर घुग्गर के छात्रों ने भजन प्रस्तुत कर आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार किया। महाविद्यालय की बी.ए तृतीय वर्ष की छात्रा साक्षी ने पंडित अमरनाथ शर्मा जी की जीवनी बहुत प्रभावशाली रूप से प्रस्तुत कर बताया कि किस प्रकार उन्होंने अपने जीवन को समाज सेवा और शिक्षा के लिए समर्पित किया।
महाविद्यालय के निदेशक एवं प्रधानाचार्य डॉ. विवेक शर्मा ने कार्यक्रम के अंत में धन्यवाद प्रस्ताव देते हुए महाविद्यालय परिवार की ओर से श्रद्धांजलि अर्पित करने आए सभी अतिथियों, समाजसेवियों, शिक्षकों का आभार व्यक्त किया और भजन प्रस्तुति करने वाले विद्यार्थियों और संगीतकार सतीश ठाकुर और उनके सहयोगियों को सम्मानित किया। इस अवसर पर सहायक प्राध्यापक श्री अनुराग शर्मा ने अपने कुशल, प्रभावशाली एवं गरिमामय मंच संचालन से सभी को मोहित किया। महाविद्यालय के समस्त शिक्षकों ने कार्यक्रम के सफल आयोजन एवं संचालन में सक्रिय सहभागिता निभाते हुए महत्वपूर्ण योगदान प्रदान किया।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0